Monday, March 3, 2014

मतदान महादान - कृष्णानन्द राय

लोकतंत्र की पुकार, मतदान महादान,
मतदान वाला काम, बहुत जरूरी है।
योग्य नेता चुनना भी, देश भक्ति कहलाता,
योग्य नहीं चुनने की, कौन मजबूरी है।।
ऐसा नेता चुनिए कि, रोजी-रोटी मिल जाय,
योग्य नेता से ही क्यों, लोगों की बनी दूरी है।
देश के जो काम आवे, चुनिए उसी को आज,
नेक नेता बिन सब, आस भी अधूरी है।।
पहले मतदान ही, फिर करें जलपान,
मतदान केन्द्र पर, समय से जाना है।
सोच समझकर ही, वोट ड़ालना है आज,
योग्य नेता चुनकर, देश को बचाना है।।
मतदान हेतु आज, जागरूक होना ही है,
बाबू भइया सभी को, कहके जगाना है।
मतदान करना भी, देशभक्ति कहलाता,
भारत माता की जय, सभी को लगाना है।।
- भोजपुरी कवि, बी-41, शिवपुरी, कल्याणपुर, लखनऊ ।